Mumbai Port Crane Fire – देश के सबसे व्यस्त व्यापारिक केंद्रों में शामिल मुंबई पोर्ट परिसर में एक बड़ा हादसा सामने आया है, जहां काम के दौरान एक भारी-भरकम क्रेन अचानक संतुलन बिगड़ने से पलट गई और उसमें भीषण आग लग गई। हादसे के तुरंत बाद क्रेन से आग की ऊंची लपटें और काले धुएं का घना गुबार उठने लगा, जिसे कई किलोमीटर दूर से देखा जा सकता था। घटना की सूचना मिलते ही मुंबई पोर्ट ट्रस्ट के सुरक्षा बल और फायर ब्रिगेड की गाड़ियां तुरंत मौके पर पहुंचीं और राहत व बचाव कार्य शुरू किया गया।
Mumbai Port Crane Fire – तकनीकी खराबी या असंतुलन के कारण पलटी क्रेन
प्रत्यक्षदर्शियों और शुरुआती रिपोर्टों के अनुसार, क्रेन पोर्ट टर्मिनल पर कंटेनर और भारी कार्गो लोड करने के नियमित संचालन में लगी हुई थी। अचानक किसी तकनीकी गड़बड़ी या अत्यधिक भार के कारण क्रेन का संतुलन बिगड़ गया और वह जमीन पर गिर पड़ी। जमीन से टकराते ही क्रेन के इंजन और फ्यूल टैंक में जबरदस्त धमाका हुआ, जिसके बाद पूरी मशीनरी भीषण आग की चपेट में आ गई। घटना के तुरंत बाद पोर्ट इलाके में सायरन बजाकर आसपास के कामगारों को सुरक्षित दूरी पर भेजा गया।
Mumbai Port Crane Fire – दमकल विभाग ने संभाला मोर्चा, आग पर पाया काबू
हादसे की गंभीरता को देखते हुए पोर्ट फायर सेफ्टी यूनिट के साथ मुंबई अग्निशमन दल की कई दमकल गाड़ियां और वाटर टैंकर मौके पर रवाना किए गए। दमकलकर्मियों ने क्रेन के चारों तरफ घेरा बनाकर लगातार फोम और पानी की बौछारें कीं, जिससे आग को पास रखे अन्य ज्वलनशील कंटेनरों और जहाजों तक फैलने से रोक लिया गया। काफी मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह नियंत्रण पा लिया गया और कूलिंग ऑपरेशन शुरू किया गया ताकि दोबारा आग भड़कने का कोई जोखिम न रहे।
Mumbai Port Crane Fire – सुरक्षा मानकों की जांच और नुकसान का आकलन
पोर्ट प्रशासन ने घटना की विस्तृत जांच के आदेश दिए हैं ताकि यह स्पष्ट हो सके कि हादसा मानवीय भूल की वजह से हुआ या फिर क्रेन के संचालन में कोई यांत्रिक विफलता (मैकेनिकल फेल्योर) हुई थी। हादसे के चलते पोर्ट के संबंधित टर्मिनल पर कुछ समय के लिए कार्गो और क्रेन संचालन को रोक दिया गया, जिसे स्थिति सामान्य होने के बाद पुनः बहाल किया गया। गनीमत रही कि त्वरित आपातकालीन कार्रवाई के चलते एक बड़ा औद्योगिक संकट टल गया।
Post View : 74600






























