Sugar Prices Drop – आगामी त्योहारी सीजन से ठीक पहले देश भर के आम उपभोक्ताओं और गृहिणियों के लिए केंद्र सरकार की ओर से बड़ी राहत भरी खबर सामने आई है। पिछले पखवाड़े में आसमान छूती चीनी की कीमतों पर लगाम लगाने के लिए केंद्र सरकार द्वारा उठाए गए कड़े और त्वरित कदमों का बड़ा असर देखने को मिला है। सरकार की कार्रवाई के चलते चीनी की एक्स-मिल (थोक) कीमतों में लगभग 18 फीसदी तक की भारी गिरावट दर्ज की गई है। इसके साथ ही खुदरा बाजारों में भी चीनी के भाव तेजी से नीचे आने लगे हैं, जिससे त्योहारी सीजन में मिठास बनी रहेगी।
Sugar Prices Drop – एक्स-मिल कीमतें ₹67 से लुढ़ककर ₹55 पर पहुंचीं, खुदरा दरों में भी नरमी
खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय के अनुसार, पिछले 15 दिनों में सट्टेबाजी और कृत्रिम अभाव के चलते मिलों में चीनी के थोक दाम रिकॉर्ड ₹67 प्रति किलोग्राम तक पहुंच गए थे, जिसका सीधा असर खुदरा बाजार पर पड़ा था और कई शहरों में चीनी ₹70 प्रति किलो तक बिकने लगी थी। हालांकि, सरकारी सख्ती के बाद मिलों पर चीनी के दाम घटकर ₹55 से ₹56 प्रति किलोग्राम के स्तर पर आ गए हैं। पुणे, मुंबई और दिल्ली जैसे बड़े शहरों के खुदरा बाजार में भी कीमतें ₹69 से गिरकर ₹62-₹63 प्रति किलो पर आ गई हैं और अगले 7 से 10 दिनों में इसमें और कमी आने की संभावना है।
Sugar Prices Drop – 10 लाख टन शुल्क-मुक्त आयात और सख्त स्टॉक लिमिट से टूटी जमाखोरी की कमर
दामों में अचानक आई तेजी को नियंत्रित करने के लिए केंद्र सरकार ने तुरंत दो बड़े नीतिगत फैसले लिए थे। सरकार ने बाजार में पर्याप्त आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए 10 लाख टन कच्ची चीनी के शुल्क-मुक्त (Duty-Free) आयात की अनुमति दी। इसके साथ ही जमाखोरी और कालाबाजारी रोकने के लिए थोक व्यापारियों, खुदरा विक्रेताओं और शीतल पेय, बिस्कुट, चॉकलेट व कन्फेक्शनरी जैसे बड़े औद्योगिक उपभोक्ताओं (बल्क बायर्स) पर सख्त स्टॉक होल्डिंग लिमिट लागू कर दी गई। विशेष उड़नदस्तों ने गोदामों और मिलों की प्रत्यक्ष जांच शुरू कर दी, जिससे कृत्रिम तेजी पूरी तरह थम गई।
Sugar Prices Drop – देश में चीनी का पर्याप्त भंडार, अक्टूबर से नए पेराई सत्र से बढ़ेगा उत्पादन: ISMA
इंडियन शुगर एंड बायो-एनर्जी मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन (ISMA) ने स्पष्ट किया है कि देश में चीनी की कोई वास्तविक कमी नहीं है और घरेलू आपूर्ति व बफर स्टॉक पूरी तरह मजबूत स्थिति में है। उद्योग निकाय के अनुसार, चालू विपणन वर्ष 2025-26 के अंत तक देश में लगभग 35 लाख टन का क्लोजिंग स्टॉक उपलब्ध रहेगा। इसके अलावा सरकार के निर्देशानुसार अक्टूबर से चीनी मिलों में समय से पहले पेराई शुरू कर दी जाएगी, जिससे त्योहारी मांग के दौरान बाजार में 10 लाख टन से अधिक नई चीनी की आवक होगी और दरें पूरी तरह स्थिर रहेंगी।
Post View : 56789






























