मुंबई : बोहरा समुदाय में एक तुगलक़ी फरमान जारी होने के वजह से बोहरा समुदाय के लोगों में हड़कंप मच गया है दर असल एक ऐसा मैसेज बोहरा समुदाय के लोगों भेजा गया है जिसमें लिखा गया है कि बोहरा तथाकिथ धर्मगुरु सैयदना मुफद्दल की ओर से यह मुबाइल पर मैसेज भेजा गया है कि जो लोग मस्जिद में आते हैं वह अपने साथ बाहर की कोई भी खाने पीने की चीजें चाहे वह घर में बनी हो चाहे बाजार में उसे लेकर मस्जिद में दाखिल नो हों।
इस फरमान के बाद भेंडी बाज़ार मे मौजूद बोहरा समुदाय के लोगों की रोज़ा इफ्तार के लिए जब वह मस्जिद में दाखिल होते हैं तो उनकी जमकर तलाशी ली जा रही है यदि किसी के पास कुछ मिलता है को उसका सब कुछ बाहर रखवा लिया जाता है यदि कोई विरोध करता है तो उसके विरुद्ध सख्ती की जाती है।
मोबाइल पर भेजा गया मैसेज
Mumbai na tamaam mumineen ne ta’keed si elan karva ma ave chey ke Huzurala TUS na FARMAAN mutabiq IFTAAR no je NIZAAM chhe je ma faqat KHAJOOR, BISCUIT, PAANI ane CHA/ DOODH le. Ehna siva biji koi bhi khava/piva ni cheez masjid ya namaaz markaz ma hargiz na lave.Aaj si koi bhi khava piva ni chizo Masjid ya Markaz ma andar lavi nai sakai. Isha il Aakherat ni namaaz baad sagla niyaz na jaman ma hazir thai. Sagla aa amar ma yaari aape. Wassalaam
इसका विरोध करने वाले मुर्तुज़ा टीन वाला ने बताया कि उन्होंने इस तुगलकी फरमान का विरोध किया तो सैयदना मुफद्दल के लोगों ने उनका बाइकाट करचे हुए मस्जिद में उनके दाखिले पर पाबंदी लगा दी है। मुर्तुज़ा का आरोप है कि रिदा पहने हुई रोज़ेदार महिलाओँ की तलाशी गैर मुस्लिम महिलाओं से ली जाती है ताकि कोई रिदा मे छुपा कर खाने पीने की चीजें अंदर न ले जाने पाए।
पहल ऐसा था कि हम फ्रूट और ज्युस ले जा सकेत थे तब तक भी ठीक था लेकिन अब पूरी तरह से पाबंदी लगादी गई है और अंदर रोज़ा खोलने के लिए चाय, बिस्किट, दूध खजूर देते हैं लेकिन एक रोज़दार के लिए यह खाने की वस्तुऐं नाकाफी हैं क्योंकि शुगर के मरीज़ों के लिए वह चाय सही नहीं रहती और खाना जो अंदर दिया जाता है वह भी चावल का रहता जो की सही नहीं रहता।
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मुर्तुज़ा ने कहा कि यह फरमान पहली बार हुआ है ऐसे कई तुगलकी फरमान यहां से जारी होते हैं जिसे मानना बोहरा समुदाय की मजबूरी होती है लेकिन अब पानी सर से ऊंचा हो चुका है इसलिए मैं इसके विरुद्ध आवाज़ उठाई उन्होंने कहा क मैंने इसके खिलाफ़ पुलिस को काल किया लेकिन किसी भी पुलिस वाले नें मेरी मदद नहीं की जब यह मुझे मस्जिद में घुसने नहीं दे रहे मुझपर पाबंदी लगा दी गई है थे यहां तक मैं जेजे मार्ग पुलिस थाने में लिखित रुप से शिकायत देने गया तो भी मेरी अर्ज़ी नहीं ली गई।
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